धमाके में कई लोगों की मौत
काबुल एयरपोर्ट के पास दो सीरीयल ब्लास्ट
Ram Vikash Mishra -
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के बाहर लगातार दो धमाकों हुए हैं। इसमें 4 अमेरिकी सैनिकों समेत 15 लोगों के मारे जाने की खबर है। अमेरिकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने बताया कि, गुरुवार को हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के अब्बे गेट पर पहला ब्लास्ट हुआ। इसके कुछ देर बाद एयरपोर्ट के नजदीक बने बैरन होटल के पास दूसरा धमाका हुआ
काबुल एयरपोर्ट के पास धमाका
आत्मघाती हमले से दहला काबुल एयरपोर्ट, 11 लोगों की मौत
Ram Vikash Mishra -
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के बाहर जबरदस्त आत्मघाति हमला हुआ है दो अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि, गुरुवार को हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर जोरदार विस्फोट हुआ है। हमला फिदायीन है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अभी तक 11 लोगों के मारे जाने की खबर है। पेंटागन ने भी विस्फोट की पुष्टि की है।
चीन का पुरजोर विरोध
चीन की पैरोकार इमरान सरकार- प्रदर्शनकारी
Ram Vikash Mishra -
पाकिस्तान के ग्वादर में रविवार को सैकड़ों मछुआरों ने चीनी जहाजों के अवैध रूप से मछली पकड़ने के खिलाफ प्रदर्शन किया। पेरिस के बलूच वॉइस एसोसिएशन NGO के अध्यक्ष मुनीर मेंगल ने सोशल मीडिया पर बताया कि ग्वादर में लोग इस इलाके के अलावा पासनी में गलत तरीके से मछली पकड़ रहे चीनियों के खिलाफ विरोध कर रहे हैं।
तालिबानियों ने देश आने से रोका
तालिबानियों ने भारतीय को बोला अफगानी, देश आने से रोका
Ram Vikash Mishra -
तालिबान ने शनिवार को भारतीय वायु सेना  के विमान में सवार होने से 70 अफगान सिखों और हिंदुओं के एक जत्थे को रोक दिया है। उन्हें काबुल एयरपोर्ट से वापस भेज दिया गया। इसमें अफगानिस्तान संसद के दो अल्पसंख्यक सदस्य भी शामिल हैं।
देश छोड़ने के बाद देश के नाम संदेश
तालिबान के डर से गनी ने छोड़ा देश, वीडियो संदेश जारी कर लोगों के सामने रखी अपनी बात
Ram Vikash Mishra -
अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी ने देश छोड़ने के बाद पहली बार दुनिया के सामने आकर बयान दिया है। वीडियो जारी कर संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से अपने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि  मैं काबुल में रहता तो कत्लेआम मच जाता। सुरक्षा कारणों की वजह से अफगानिस्तान से दूर हूं।
तालिबान को क्रूर चेहरा दिखने लगा
तालिबानियों ने अफगानी सेना के 4 कमांडरों को उतारा मौत के घाट, तालिबान के इनकार
Ram Vikash Mishra -
तालिबानियों ने अफगानी सेना के 4 कमांडरों को कंधार के एक स्टेडियम में भीड़ के सामने मौत के घाट उतार दिया। सूत्रों के मुताबिक, घटना 15 अगस्त की है। इसी दिन राजधानी काबुल पर अफगानियों ने कब्जा किया था। इन कमांडरों ने 13 अगस्त को तालिबान के सामने आत्मसमर्पण किया था। इनमें से एक कमांडर हाशिम रेगवाल भी हैं।
सवाल हमसे क्यों ?
बिना लड़ें क्यों हार गई अफगानी सेना, राष्ट्रपति गनी ने क्यों डाला हथियार ?
Ram Vikash Mishra -
अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की वापसी के बाद पहली बार अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन देश को संबोधित किया। उन्होंने कहा- अफगानिस्तान में हालात अचानक बदल गए। लोग हम पर सवाल उठा रहे हैं। अफगानिस्तान के नेताओं ने हथियार डाल दिए और देश से भाग गए। 20 साल की ट्रेनिंग के बाद भी वहां की फौज ने सरेंडर कर दिया। सवाल उनसे भी करने चाहिए ।